ISSN 2229-547X 'विदेह' ३५० म अंक १५ जुलाइ २०२२ (वर्ष १५ मास १७५ अंक ३५०) (विदेह www.videha.co.in ) विदेह मैथिली साहित्य आन्दोलन: मानुषीमिह संस्कृताम् विदेह- प्रथम मैथिली पाक्षिक ई-पत्रिका ISSN 2229-547X VIDEHA सम्पादक: गजेन्द्र ठाकुर। ऐ पोथीक सर्वाधिकार सुरक्षित अछि। काॅपीराइट (©) धारकक लिखित अनुमतिक बिना पोथीक कोनो अंशक छाया प्रतिएवं रिकॉडिंग सहित इलेक्ट्रॉनिक अथवा यांत्रिक, कोनो माध्यमसँ, अथवा ज्ञानक संग्रहण वा पुनर्प्रयोगक प्रणाली द्वारा कोनो रूपमे पुनरुत्पादित अथवा संचारित-प्रसारित नै कएल जा सकैत अछि। (c) २०००- २०२२। सर्वाधिकार सुरक्षित। विदेहमे प्रकाशित सभटा रचना आ आर्काइवक सर्वाधिकार रचनाकार आ संग्रहकर्त्ताक लगमे छन्हि। भालसरिक गाछ जे सन २००० सँ याहूसिटीजपर छल http://www.geocities.com/.../bhalsarik_gachh.html , http://www.geocities.com/ggajendra आदि लिंकपर आ अखनो ५ जुलाइ २००४ क पोस्ट http://gajendrathakur.blogspot.com/2004/07/bhalsarik-gachh.html (किछु दिन लेल http://videha.com/2004/07/bhalsarik-gachh.html लिंकपर, स्रोत wayback machine of https://web.archive.org/web/*/videha 258 capture(s) from 2004 to 2016- http://videha.com/ भालसरिक गाछ-प्रथम मैथिली ब्लॉग / मैथिली ब्लॉगक एग्रीगेटर) केर रूपमे इन्टरनेटपर मैथिलीक प्राचीनतम उपस्थितक रूपमे विद्यमान अछि। ई मैथिलीक पहिल इंटरनेट पत्रिका थिक जकर नाम बादमे १ जनवरी २००८ सँ "विदेह" पड़लै।इंटरनेटपर मैथिलीक प्रथम उपस्थितिक यात्रा विदेह- प्रथम मैथिली पाक्षिक ई पत्रिका धरि पहुँचल अछि,जे http://www.videha.co.in/ पर ई प्रकाशित होइत अछि। आब “भालसरिक गाछ” जालवृत्त 'विदेह' ई-पत्रिकाक प्रवक्ताक संग मैथिली भाषाक जालवृत्तक एग्रीगेटरक रूपमे प्रयुक्त भऽ रहल अछि। विदेह ई-पत्रिका ISSN 2229-547X VIDEHA (c)२०००- २०२२। सर्वाधिकार लेखकाधीन आ जतऽ लेखकक नाम नै अछि ततऽ संपादकाधीन। विदेह- प्रथम मैथिली पाक्षिक ई-पत्रिका ISSN 2229-547X VIDEHA सम्पादक: गजेन्द्र ठाकुर। Editor: Gajendra Thakur. रचनाकार अपन मौलिक आ अप्रकाशित रचना (जकर मौलिकताक संपूर्ण उत्तरदायित्व लेखक गणक मध्य छन्हि) editorial.staff.videha@gmail.com केँ मेल अटैचमेण्टक रूपमेँ .doc, .docx, .rtf वा .txt फॉर्मेटमे पठा सकै छथि। एतऽ प्रकाशित रचना सभक कॉपीराइट लेखक/संग्रहकर्त्ता लोकनिक लगमे रहतन्हि। सम्पादक 'विदेह' प्रथम मैथिली पाक्षिक ई पत्रिका ऐ ई-पत्रिकामे ई-प्रकाशित/ प्रथम प्रकाशित रचनाक प्रिंट-वेब आर्काइवक/ आर्काइवक अनुवादक आ मूल आ अनूदित आर्काइवक ई-प्रकाशन/ प्रिंट-प्रकाशनक अधिकार रखैत छथि। (The Editor, Videha holds the right for print-web archive/ right to translate those archives and/ or e-publish/ print-publish the original/ translated archive). ऐ ई-पत्रिकामे कोनो रॊयल्टीक/ पारिश्रमिकक प्रावधान नै छै। तेँ रॉयल्टीक/ पारिश्रमिकक इच्छुक विदेहसँ नै जुड़थि, से आग्रह। रचनाक संग रचनाकार अपन संक्षिप्त परिचय आ अपन स्कैन कएल गेल फोटो पठेताह, से आशा करैत छी। रचनाक अंतमे टाइप रहय, जे ई रचना मौलिक अछि, आ पहिल प्रकाशनक हेतु विदेह (पाक्षिक) ई पत्रिकाकेँ देल जा रहल अछि। मेल प्राप्त होयबाक बाद यथासंभव शीघ्र ( सात दिनक भीतर) एकर प्रकाशनक अंकक सूचना देल जायत। एहि ई पत्रिकाकेँ मासक ०१ आ १५ तिथिकेँ ई प्रकाशित कएल जाइत अछि। ISSN: 2229-547X Videha e-Journal: Issue No. 350 at www.videha.co.in अनुक्रम २. गद्य- [पृ. ०१-१३] २.१.गजेन्द्र ठाकुर- द ........ फाइल्स (आगाँ)- [पृ. ०२-०५] २.२.रबीन्द्र नारायण मिश्र- मातृभूमि (उपन्यास)-आगाँ- [पृ. ०६-१३] ३. पद्य- [पृ. १४-२०] ३.१.राज किशोर मिश्र- आमक गाछी- [पृ. १५-२०] १. गजेन्द्र ठाकुर- संघ लोक सेवा आयोग/ बिहार लोक सेवा आयोगक परीक्षा लेल मैथिली (अनिवार्य आ ऐच्छिक) आ आन ऐच्छिक विषय आ सामान्य ज्ञान (अंग्रेजी माध्यम) हेतु सामिग्री [पृ. २१-५३] 1
२. गद्य २.१.गजेन्द्र ठाकुर- द ........ फाइल्स (आगाँ) २.२.रबीन्द्र नारायण मिश्र- मातृभूमि (उपन्यास)-आगाँ गढ़-नारिकेल उपन्यास-त्रयीक पहिल उपन्यास "सहस्रशीर्षा" क बाद दोसर उपन्यास गजेन्द्र ठाकुर द ........ फाइल्स (आगाँ) “मुदा हमरा सभकेँ सिखाओल जाइत अछि जे ठाढ़ नाक, गोर-नार आ नमगर लोक नीक, जँ ककरो सभ अंग सही छै तखनो ओ असुन्दर अछि। आ जँ कोनो अंग सही नै छै, कोनो पअए छै, तँ ओकरामे दुष्टता भरल हेतै। आ जँ ओकर मोन खराप भऽ गेलै बा बेमारी भऽ गेलै तँ सुन्दर-असुन्दरक भेद आ पअए केर अतिरिक्त वर्तमान बा पूर्व-जन्मक कोनो दोख आबि जेतै। से हमरा सभकेँ एक दोसरासँ तुलना करब सिखाओल जाइत अछि। ओ तोरसँ कम सुन्दर बा बेशी सुन्दर। ओ तोरासँ बेशी बलगर बा कम बलगर, बेशी काजुल बा कम काजुल। हमर देश दोसरा देशसँ कमजोर बा मजगूत हमर संस्कृति दोसरसँ नीक बा अधला। मुदा जँ अहाँ दोसर संस्कृति, दोसर नाक-मुँहबला लोकक सम्पर्कमे आयब तँ अहाँकेँ लागत जे ई सभ झुट्ठेक भेद अछि, ओहो अहिन सोचैत अछि। जँ कियो सुन्दर-असुन्दर अछि बा बेशी-कम काजुल आ जँ तकर कोनो नपनाकेँ सत्य मानियो ली तँ ओइमे अहाँक कोन योगदान”। “तँ तकर कोन उपाय? स्कूल कॉलेजमे नामांकनसँ लऽ कऽ नोकरी-चाकरी, कृषि-उद्योग सभ ठाम नीक-अधला कोना तय-तमन्ना करब, तकनीक उत्कृष्ट उत्कृष्ट अछि बा नै तकर कोना निर्धारण करब”? “तुलना अपनासँ करू, अनकासँ नै, काल्हि आ आइ, पुरान आ नव, अपन आ अपन देश-समाजक तुलना अपनेसँ। आ से नै केने हिंसाकेँ अहाँ नै रोकि सकब”। “अहाँ तँ हिंसा छोड़ि देब, मुदा जँ अहाँक प्रति हिंसा हएत तँ से केना रोकब”? “जँ अहाँ अपनेसँ अपन तुलना करब बा जखन अहाँ अनकासँ अपन तुलना करब तँ अहाँ देखब जे पहिल स्थितिमे धनात्मक वृद्धि हएत नीक भाव रहलापर प्रगतिमे कोनो बाधा नै होइ छै। दोसर स्थितिमे अहाँक प्रगति ऋणात्मक वृद्धि बाधित करत, अहाँ मात्र दोसराक अनुसरण करब, ओ जे रस्ता निर्धारित करत तहीपर अहाँ आगाँ बढ़ब। अहाँक रस्ते जखन अनकर अछि तँ कखनो ओइमे ओ खधाइ खुनि देत आ अहाँक प्रगति बाधित कऽ देत। आ सएह भेल ऐ पहिल फाइलमे………. …. एकटा कम्पनीमे हम काज करैत छलौं। पढ़ि लऽ नोकरी भेटि गेल। आ ई कम्पनी बड्ड नीक लागल। एतेक सुन्दर वेबसाइट छै एकर। वेब टेक्नोलोजीक सभसँ आधुनिक स्वरूपक उपयोग केने अछि। कम्पनीक विषयमे जानकारी लेबाक हुअए तँ एकर वेबसाइटपर जाउ, मल्टीनेशनल कम्पनी, सत्य हरिचन्द्रक कम्पनी संस्करण, मोन प्रसन्न भऽ जायत। ऑफिसो चकमक। ओना हमर गामोपर साफ-सफाई जबरदस्त छल, मुदा ओतऽ अंगनामे माय बाढ़निसँ आ दलानपर बाबू खरड़ासँ जे काज करै छला से एतऽ कर्मचारीक एकटा नव वर्ग करैत चल। चतुर्वर्णक मल्टीनेशनल संस्करण ऐ फिरंगी कम्पनीमे छल। डिसीप्लीन तँ पूरा, अनुशासन देशकेँ महान बनबैत अछि से तँ कतौ लिखल नै छलै मुदा चारू वर्गक कर्मचरी एक दोसरासँ छोड़ू आपसोमे गप-सप्प कम्मे करैत रहथि। किछु तँ काजक बोझक दुआरे आ दोसर कोनो सूचना-लीक होयबाक बा निंदा शिकाइतक आरोप लगबाक डरक दुआरे। मुदा ओइ डरकेँ डिसीप्लीनक नाम देल गेल छल। सालक अन्तमे सभक कएल काजक समीक्षा होइ छलै, दरमाहामे बढ़ोत्तरी होइ छलै, मुदा ककरा कतेक भेटलै से एक-दोसरासँ गुप्त रखबाक शर्त रहै छलै। आ नव साल फेरसँ शुरू… भरि साल मेहनति करू ओइ सालक-अन्तक कार्य-समीक्षा लेल। भागा-दौड़ी दोकान-दौड़ी सन। सभ दिनुका काज। कोन परियोजना केना बनत, पी.पी.टी. एक्सेल सीट, बार-पाइ चार्ट, प्रोजेक्ट प्रपोजल, भागा-दौड़ी। सेमीनार राष्ट्रीय आ अन्तर्राष्ट्रीय विश्विद्यालयमे, हावर्डमे सेहो। हमर कंट्री-हेड केर भाषण भेल रहै ओतय, सत्य हरिचन्द्रक कम्पनी संस्करणक जे विवरण अन्तर्जालपर रहय तहूसँ बेशी नीक विवरण। अमेरिका तँ बाबू अमेरिका छलै, एहेन-एहेन सत्य हरिचन्द्र-कम्पनी सभ एक-दूटा नै हेंजक हेंज रहै, सभ एक-दोसरासँ बेशी बड़का सत्य-हरिचन्द्र कम्पनी। एकटा गप ओइ दिन सेहो हमरा टोकारा मारने रहै- सेमीनारक कएक टा सत्य-हरिचन्द्र कम्पनीक वक्ता सेमीनारमे कहने रहथि- “अमेरिकाक बाहर सेहो हम नैतिकताक पालनक प्रयास करै छी मुदा अमेरिकामे तँ हमरा सभक अनैतिकताक प्रति ’शून्य-सहिष्णुता’ अछि”। माने… प्रभाकरन सुन्दरम रहथि हमर कंट्री हेड। आ हम गोप कुमार। ऐ यात्राक बाद हमर जिनगी पी.पी.टी. एक्सेल सीट, बार-पाइ चार्ट, प्रोजेक्ट प्रपोजलसँ आगाँ बढ़ैबला छल। कम्पनीक दूटा टेरीटरी छै, हावर्ड विश्वविद्याल जइ देशमे छै से थिक “’शून्य-सहिष्णुता” बला क्षेत्र आ हमर देशमे जे कम्पनीक शाखा छै, जतऽ हम काज कऽ रहल छी से अछि “नैतिकताक पालनक प्रयास”बला टेरीटरी। (अनुवर्तते) अपन मंतव्य editorial.staff.videha@gmail.com पर पठाउ। रबीन्द्र नारायण मिश्र- मातृभूमि (उपन्यास)-आगाँ ७ नागबाबा स्वभावसँ परोपकारी व्यक्ति रहथि। हुनका जड़ी-बुटीक नीक ज्ञान छलनि। इलाका भरिक लोक संकटक समयमे हुनकर शरणमे पहुँचैत छल। ओ अपन जड़ी-बुटीक ज्ञानसँ कतेको लोकक जान बचओने छलाह। बदलामे नागबाबा किछु नहि लैत छलाह। हुनका कोनो चीजक लोभ नहि रहनि ने कथुक आवश्यकता छलनि। हुनकर एहि परोपकारी वृत्तिसँ दुष्ट लोक सभ अकारण परेसान रहैत छल। किछु गोटे दिन-राति एही प्रयासमे रहैत छल जे कहुना हुनकर बदनामी होअए। मुदा जखन सालोंक चेष्टासँ से नहि भेलैक, उलटे हुनकर प्रतिष्ठा बढ़िते गेल, तखन ओ सभ दोसर रस्ता धेलक। संयोग एहन भेलैक जे ओकरा सभकेँ ई अवसर जल्दिए भेटि गेलैक। चंद्रिकाकेँ लए कालीकान्त त्रिकुट भवनक चौकठिपर पहुँचले छलाह। गौरीक छोट बहिन ई समाचार सुनि हुनका सभकेँ स्वागत करबाक हेतु मुख्य द्वार दिस दौड़लीह । एतबे कालमे की भेलै कि नहि हुनका माथामे चक्कर देबए लगलनि। जाबे केओ किछु बुझैत ओ ओहिठाम धराम दए खसलीह। कालीकान्त धरफरा कए उतरलाह । ताबे तँ खेल खतम छल। हुनकर शरीर निष्प्राण भए गेल छल। चारूकात हाहाकार मचि गेल। गौरी बहुत दुखी भए गेलीह। ओ कनैत-कनैत बेहाल रहथि। गौरीक हालत खराप होइत देखि कालीकान्त स्वयं नागबाबा लग गेलाह, हुनकर बहुत प्रार्थना केलनि मुदा ओ किछु नहि कए सकलाह। "हम कोनो भगवान थोड़े छी। हिनकर समय आबि गेल हेतनि तँ हम की कए लेबैक?" कालीकान्त दुखी मोनसँ वापस भए गेलाह। गौरी कनैत-कनैत बेहाल रहथि। मुदा आब की होएत? जे हेबाक छल से भए गेल। कहबी छैक जे समय बहुत समस्याक इलाज कए दैत अछि। सएह भेलेक। कालीकान्त क्रमश: शांत भेलाह। हुनका राज-काज सेहो चलेबाक रहनि। अस्तु, ओहि सभमे लागि गेलाह। मुदा हुनकामे ओ पहिलुका तेज नहि रहल। सदिखन दुविधाग्रस्त रहए लगलाह। तकर फएदा किछु दुष्ट लोक उठबए लागल। ओ सभ कालीकान्त कका नागबाबाक खिलाफमे भरैत रहैत छल। कालीकान्त तँ परेसान छलाहे। ओ सभ हुनका ई बात मोनमे भरि देलक जे नागबाबाक गलतीसँ गौरीक बहिनक जान गेलनि। ओ चाहितथि तँ हुनका बँचा सकैत छलाह। असलमे दुष्ट सभ बहुत दिनसँ लागल छल जे कालीकान्तक ओहिठाम जोगार बनाओल जाए। ई एकटा बढ़िआ मौका हाथ लागि गेलैक। कालीकान्तकेँ कष्ट तँ रहबे करनि। क्रमशः दुष्ट सभक बात हुनका मोनमे बैसि गेलनि। आचार्यजीकेँ जखन ई सभ बात पता लगलनि तँ अपना भरि हुनका बुझेबाक प्रयास केलथि मुदा कालीकान्तपर किछु असर नहि भेल। आचार्यजी की करितथि? चुप्प रहि गेलाह। "संभवतः समयक संगे कालीकान्तकेँ अपने सभ किछु बुझेतनि। ताबे हमरा लोकनिकेँ शांत रहबाक चाही।"- आचार्यजी मोने-मोन सोचलथि। एक दिन सायंकाल आचार्यजी अपन शिष्य सभक संगे चर्चा करैत छलाह। चर्चाक मूल विषय कालीकान्तक परेसानी छल। संयोगसँ कालीकान्त सेहो किछु कालक बाद ओतहि पहुँचि गेलाह। ओ अपन जन्मकुण्डली संगे अनने रहथि। जन्मकुण्डलीक गणनामे जयन्तकेँ महारथ रहनि। आचार्यजी हुनका हाथ मे जन्मकुण्डली दैत कहैत छथि- "जयन्त एहि विषयमे अहाँसँ योग्य एतए केओ नहि अछि। अहाँ कालीकान्तक कुण्डलीकेँ ध्यानसँ देखि हिनका उचित परामर्श कए दिएनि जाहिसँ हिनका शांति होनि आ ई अपन राज-काज आगा चला सकथि।" आचार्यजीक आज्ञा पाबि जयन्त हुनकर कुण्डलीकेँ बहुत ध्यानसँ देखलाह। कुण्डलीक गणना करैत-करैत ओ एकहि बेरप्रसन्नतासँ चिकरि उठलाह- "एहिमे तँ बहुत नीक जोग अछि।" "की बात छैक से स्पष्ट कहिऔक।–आचार्यजी बजलाह। कालीकान्त स्वयं बहुत उत्सुक भए गेलथि। हुनका जयन्तक योग्यतापर बहुत विश्वास रहनि। कालीकान्तक जिज्ञासा बढ़ैत देखि जयन्त कहैत छथि- "चंद्रिका परीक्षामे बहुत नीक स्थान प्राप्त करतीह।" महराजा बहुत प्रसन्न भेलाह। मोन होनि जे जयन्तकेँ किछु दक्षिणा दिअनि । मुदा हुनका जयन्तक स्वभाव तँ बूझले रहनि। तथापि ओ आचार्यजी सँ कहैत छथि- "आचार्यवर! हम जयन्तक पाण्डित्यसँ अभिभूत छी। हमरा पूर्ण विश्वास अछि जे हिनकर भविष्यवाणी सफल होएत । अस्तु, हमरा हार्दिक इच्छा अछि जे जयन्तकेँ उचित बिदाइ करिअनि।" “अपने किएक अगुताइ छी। उचित समय आबए दिऔक। जयन्त अखन तँ एही ठाम छथि।"- आचार्यक बात सुनि कालीकान्त गुम्म पड़ि गेलाह। "जे अहाँक इच्छा।” कालीकान्त त्रिकुट भवन आबि ई सुखद समाचार गौरीकेँ देलखिन। गौरी समाचार सुनिते कनीकाल हेतु सभटा दुख बिसरि गेलीह। किछु दिनक बाद चंद्रिकाक परीक्षाफल निकलल। ओ प्रथम श्रणीमे उत्कृष्टताक संग सफल भेलीह। कालीकान्तक मोन आनंदसँ आप्लावित छल। ओ दौड़ल आचार्यजीक शारदाकुंज पहुँचि गेलाह। कालीकान्त पैरे –पैरे भागि रहल छलाह। हुनकर सिपहसलार सभ पाछू-पाछू दौड़ रहल छल। नगरवासी एहि दृश्यकेँ देखि छगुंतामे रहथि जे आखिर बात की अछि? कालीकान्त एना किएक भागि रहल छथि? "जरूर किछु खास बात भेल अछि ।"- केओ बाजल। "तथापि एना पैरे-पैरे किएक दौड़ि रहल छथि।"- दोसर बाजल। "किछु बात हेतैक। हमरा-अहाँकेँ एहि चक्करमे नहि परबाक चाही। राज-काज छैक, चलैत रहैत छैक।"-तेसर गोटे बजलाह। कालीकान्तकेँ किछु होश नहि रहनि जे ओ किछु सुनता हवा ककरो किछु जबाब देताह। ओ ठोकले शारदाकुंज पहुँचि गेलाह। विद्यार्थी लोकनि सरस्वती वंदना कए रहल छलाह। सभसँ हटि कए जयन्त अपन शोधग्रंथकेँ पढ़ैत रहथि। हुनका इहो सोह नहि रहलनि जे सरस्वती वंदना भए रहल अछि। विद्यार्थी लोकनि कैबेर आबाज देने रहथिन मुदा ओ अध्ययनमे तल्लीन रहबाक कारण किछु नहि सुनि सकलथि। आचार्यजी फटकिएसँ कालीकान्तकेँ शारदाकुंज दिस अबैत देखलखिन। ओ इसरासँ हुनकर अभिनंदन सेहो केलथि मुदा प्रार्थना चलि रहल छल, तेँ हटि नहि सकलाह। कनी कालमे प्रार्थना जखन समाप्त भेल तँ कालीकान्त दण्डवत भए गेलाह। "आचार्यवर! हम अपने लोकनिक बहुत ॠणी छी।" "किछु विशेष बात भेलैक की?" "जयन्तक भविष्यवाणी सही भेल। चंद्रिका प्रथम श्रेणीमे उत्कृष्टताक संग परीक्षामे सफल भेलीह।" कालीकान्तक समाचार सुनि आचार्यवर बहुत प्रसन्न भेलाह। "जयन्त कतए छथि? "- कालीकान्त बजलाह। आइ भोरेसँ ओ कतहु कातमे बैसल अध्ययन कए रहल छथि। आइ प्रार्थनामे सहो नहि आबि सकलाह।" “से की?" "संभवतः हुनकर शोध ग्रंथ अंतिम चरणमे पहुँचि गेल अछि। ओ दिन-राति एहीमे लागल रहैत छथि। भोजनो करबाक सुधि नहि रहैत छनि।" कालीकान्त, आचार्यजीक संगे सहटि कए जयन्त लग पहुँचलाह। कालीकान्त हुनकर ध्यान आकर्षित करबाक बहुत प्रयत्न केलाह, परंतु सफल नहि भेलाह। "आब की होएत आचार्यवर? ई तँ सुनिए नहि रहल छथि।" "हिनका एहिना छोड़ि देल जाए। काज समाप्त भेलापर अपने ध्यान टुटतनि। " "ठीके कहैत छी। एहि परिस्थितिमे हुनक ध्यान भंग करब उचित नहि होएत। लगैत अछि ओ गंभीर चिंतनमे छथि।"- से कहि कालीकान्त आचार्यजी सँ आज्ञा लए त्रिकुट भवन लौटि गेलाह। सायंकाल जयन्त आचार्यजी लग पहुँचलाह । हुनकर शोधग्रंथ पूर्ण भए गेल छल । मात्र ओकर उपसंहार लिखबाक रहि गेल छलनि । आब हुनका अपन मातृभूमि बेरि-बेरि मोन पड़ि रहल छलनि। नेना कएक-एकटा दृश्य हुनकर आंखिमे घुमि रहल छल। "ई की? अहाँक आँखिमे नोर देखि रहल छी"- आचार्यजी बजैत छथि। जयन्त किछु नहि बाजि सकलाह। आओर जोर-जोरसँ कानए लगलाह। "अहाँ एतेक भावुक किएक भए रहल छी?" "हमरा अपन मातृभूमि बजा रहल अछि।मुदा हमर रोम-रोम तँ अपनेक ॠणी अछि आचार्यवर! हम अपनेक ॠण कोना चुका सकैत छी? हमरा लगमे तँ किछु नहि अछि। गुरुदक्षिणा देने बिना हम कोना चलि जाउ?" "अहाँ व्यर्थ चिंतामे लागल छी। अपन अद्वितीय प्रतिभाक बदौलत ऐहि आश्रमक प्रतिष्ठा अहाँ सदति बढ़बैत रहलहुँ अछि। एहिसँ बढ़ि कए आओर दक्षिणा की भए सकैत अछि? अपितु कालीकान्त स्वयं अहाँसँ भेंट कए कृतज्ञता व्यक्त करए आएल छलाह?" "से की?" "अहाँक भविष्यवाणीक अनुसार चंद्रिका प्रथम श्रेणीमे उत्कृष्टताक संग परीक्षामे सफल भेलीह। एहि खुशीमे ओ भोरे स्वयं दौड़ल आश्रमपर आएल रहथि। अहूँ लग गेलाह। परंतु......।" "परंतु की?" "अहाँ अध्ययनमे तल्लीन रहबाक कारण हुनकासँ गप्प नहि कए सकलहुँ।" "ई तँ ठीक नहि भेल ।" "कोनो बात नहि। ओ अपनेक स्थिति बुझलथि । चिंताक कोनो बात नहि अछि। आचार्य शोधग्रंथ उल्टा-पुल्टा कए देखलथि। हुनकर प्रसन्नताक अंते नहि छल। "बेजोड़ ग्रंथ बुझा रहल अछि। हमरा लोकिनिकेँ अहाँपर गर्व अछि।" जयन्त आचार्यजीकेँ दण्डवत भए प्रणाम करैत छथि। (अनुवर्तते) अपन मंतव्य editorial.staff.videha@gmail.com पर पठाउ। ३. पद्य ३.१.राज किशोर मिश्र- आमक गाछी राज किशोर मिश्र आमक गा छी आमक'गा छ बेकल कतेक छल, छलै देह पर, अगबे पा त, मञ्जर नहि फुलेलै ,कत दि न, भए गेल छलै फरो नि पा त। आबि गेलै ऋतु -संधि -का ल, भए जी र्ण, शि शि र छल जा एबला , शुभा गमन छल ऋतुरा जक ', भए युक्त, सकल मो हक कला । सजलए मञ्जर, आम्र तरु पर, पि अर वसन सँ जनु सि ङा र, किं वा , लगैत छल आम गा छ, पहि र लेने हो कनक-हा र। ई, सरि पहुँ, स्वा गत-गी त छल, जे गा बि रहल छलि को कि ल, अभि नंदन -पर्व छल मना रहल, कौ आ ,सूगा ,सभ कि ओ मि ल। गा छी त 'छल लगभग नि र्जन, पड़ैत रहै छलै, सभतरि , भम्ह, सुन्न कलम मे गा छो सभ के, हो इत छलै की दुः ख को नो कम? आमक'गा छी क' शो भा -सुन्नर जेना लगैत छल, हेरा गेलै, स्थगि त जेना शुभ -का ल भेल हो , एलैक, जखन मजरा गेलै। फूल -फल क' प्रती क्षा सँ, व्यथि त छलैक गा छक हृदय, मो न हो इत छलै, गा बी गी त को नो , उदा सी क लय। आमक 'गा छी क' परि पा र्श्व आब, नव -संस्का र सँ भरि गेल, आनन्द -बसा त बहए ला गल, झुमि -झुमि तरु सभ तरि गेल। चहल -पहल बढ़ि गेल, भरल उत्सा ह -लहरि सँ गा छी , ओगरबा ह की ? सब कि ओ कहता , ' गा छी लेल ,बि दा छी । ' बाँ सक मचा न आ खो पड़ी मि लि , एखनुका त' बूझू, इएह दला न, पर्णकुटी मे अछि भरल, अमृतफल प्रति कतबा सम्मा न? सुमधुर सहका र, बहुरंग मे, आम्र तरु पर अछि सजल, पा कल, सुपा कक'ला गल पथा र, भरि गा छी , धब -धब, खसि रहल। पा बि पवन के स्पंदन, ला गल ना चय सभ डा रि -पा त, गा छ स्वयं कि छु गा बय ला गल, आम -मा स बड़ हरखक बा त। कए गो टे पबैत छथि अर्थ -ला भ, हो इत छथि मुक्त ऋण -पत्र सँ, बहुतो क अर्थ मजबूत हो इत छन्हि , आमक एहि लघु -सत्र सँ। जा हि गा छ पर आम जतेक अछि , ओ ओतबे लि बल अछि , वि नी त, वि नम्र हो इते छथि , जि नका जतेक वि भव, धी -बल अछि । आम-का ल क' अवसा न समय, छलै आबि गेल लगी च, भए जा इत अछि मद्धि म, जहि ना अस्त, मा र्तण्ड -मरी चि । शुरुआत भेल आयो जन के, गा छी मे संध्या -भो जक,' ई का र्यक्रम रो मां चक छल, मनमो हक कतेक, ओ रो चक। टुटतैक गा छ क', बाँ चल आम, उखड़तै ,खो पड़ी ओ मचा न, गा छी के छो ड़ि , एकसरे,रे सब करतै अपन गृह -प्रस्था न। छै पसरल एकटा वि चि त्र शां ति , भ' गेल समग्र गा छी उदा स, एकटक तकैत, गेनि हा र केँ, बि धुआएल, दुः ख छै बहुत रा स। व्या कुल छै चि त्त उभय -पक्षक, इच्छा कथमपि नहि छो ड़' के, ने पएर बढ़ै छै ओगरबा हक, सम्बन्ध ने हो इ छै, तो ड़ 'के। गा छी मे पसरि गेलैक उदा सी , निः शब्द वा ता वरण, गुम -सुम, टूटल हृदयक उदा स स्वर अश्रव्य, नि का लि रहल छल द्रुम। अपन मंतव्य editorial.staff.videha@gmail.com पर पठाउ। गजेन्द्र ठाकुर Videha e-Learning .................................................................................... [संघ लोक सेवा आयोग/ बिहार लोक सेवा आयोगक परीक्षा लेल मैथिली (अनिवार्य आ ऐच्छिक) आ आन ऐच्छिक विषय आ सामान्य ज्ञान (अंग्रेजी माध्यम) हेतु सामिग्री] [एन.टी.ए.- यू.जी.सी.-नेट-मैथिली लेल सेहो] [STUDY MATERIALS FOR UPSC (UNION PUBLIC SERVICE COMMISSION) & BPSC (BIHAR PUBLIC SERVICE COMMISSION) EXAMS- MAITHILI (COMPULSORY & OPTIONAL) AND OTHER OPTIONALS AND GENERAL STUDIES (ENGLISH MEDIUM)] [FOR NTA-UGC-NET-MAITHILI ALSO] ..................................................................................... [एन.टी.ए.- यू.जी.सी.-नेट-मैथिली लेल/ FOR NTA-UGC-NET-MAITHILI] NTA_UGC_NET_MAITHILI_01- गजेन्द्र ठाकुर NTA_UGC_NET_MAITHILI_02- गजेन्द्र ठाकुर NTA_UGC_NET_MAITHILI_03 (श्री शम्भु कुमार सिंह द्वारा संकलित) ..................................................................................... यू. पी. एस. सी. (मेन्स) ऑप्शनल: मैथिली साहित्य विषयक टेस्ट सीरीज यू.पी.एस.सी. क प्रिलिमिनरी परीक्षा सम्पन्न भऽ गेल अछि। जे परीक्षार्थी एहि परीक्षामे उत्तीर्ण करताह आ जँ मेन्समे हुनकर ऑप्शनल विषय मैथिली साहित्य हेतन्हि तँ ओ एहि टेस्ट-सीरीजमे सम्मिलित भऽ सकैत छथि। टेस्ट सीरीजक प्रारम्भ प्रिलिम्सक रिजल्टक तत्काल बाद होयत। टेस्ट-सीरीजक उत्तर विद्यार्थी स्कैन कऽ editorial.staff.videha@gmail.com पर पठा सकैत छथि, जँ मेलसँ पठेबामे असोकर्ज होइन्हि तँ ओ हमर ह्वाट्सएप नम्बर 9560960721 पर सेहो प्रश्नोत्तर पठा सकैत छथि। संगमे ओ अपन प्रिलिम्सक एडमिट कार्डक स्कैन कएल कॉपी सेहो वेरीफिकेशन लेल पठाबथि। परीक्षामे सभ प्रश्नक उत्तर नहि देमय पड़ैत छैक मुदा जँ टेस्ट सीरीजमे विद्यार्थी सभ प्रश्नक उत्तर देताह तँ हुनका लेल श्रेयस्कर रहतन्हि। विदेहक सभ स्कीम जेकाँ ईहो पूर्णतः निःशुल्क अछि।- गजेन्द्र ठाकुर संघ लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित सिविल सर्विसेज (मुख्य) परीक्षा, मैथिली (ऐच्छिक) लेल टेस्ट सीरीज/ प्रश्न-पत्र- १ आ २ TEST SERIES-1- गजेन्द्र ठाकुर TEST SERIES-2- गजेन्द्र ठाकुर .................................................................................................................. MAITHILI (COMPULSORY & OPTIONAL) UPSC MAITHILI OPTIONAL SYLLABUS BPSC MAITHILI OPTIONAL SYLLABUS मैथिली प्रश्नपत्र- यू.पी.एस.सी. (ऐच्छिक) मैथिली प्रश्नपत्र- यू.पी.एस.सी. (अनिवार्य) मैथिली प्रश्नपत्र- बी.पी.एस.सी.(ऐच्छिक) ..................................................................................... मैथिलीक वर्तनी १ मैथिलीक वर्तनी- विदेह मैथिली मानक भाषा आ मैथिली भाषा सम्पादन पाठ्यक्रम भाषापाक २ मैथिलीक वर्तनीमे पर्याप्त विविधता अछि। मुदा प्रश्नपत्र देखला उत्तर एकर वर्तनी इग्नू BMAF001 सँ प्रेरित बुझाइत अछि, से एकर एकरा एक उखड़ाहामे उनटा-पुनटा दियौ, ततबे धरि पर्याप्त अछि। यू.पी.एस.सी. क मैथिली (कम्पलसरी) पेपर लेल सेहो ई पर्याप्त अछि, से जे विद्यार्थी मैथिली (कम्पलसरी) पेपर लेने छथि से एकर एकटा आर फास्ट-रीडिंग दोसर-उखड़ाहामे करथि| IGNOU इग्नू BMAF-001 .................................................................................................................... MAITHILI (OPTIONAL) TOPIC 1 [Place of Maithili in Indo-European Language Family/ Origin and development of Maithili language (Sanskrit, Prakrit, Avhatt, Maithili) भारोपीय भाषा परिवार मध्य मैथिलीक स्थान/ मैथिली भाषाक उद्भव ओ विकास (संस्कृत, प्राकृत, अवहट्ट, मैथिली)]- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 2 (Criticism- Different Literary Forms in Modern Era/ test of critical ability of the candidates)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 3 (ज्योतिरीश्वर, विद्यापति आ गोविन्ददास सिलेबसमे छथि आ रसमय कवि चतुर चतुरभुज विद्यापति कालीन कवि छथि। एतय समीक्षा शृंखलाक प्रारम्भ करबासँ पूर्व चारू गोटेक शब्दावली नव शब्दक पर्याय संग देल जा रहल अछि। नव आ पुरान शब्दावलीक ज्ञानसँ ज्योतिरीश्वर, विद्यापति आ गोविन्ददासक प्रश्नोत्तरमे धार आओत, संगहि शब्दकोष बढ़लासँ खाँटी मैथिलीमे प्रश्नोत्तर लिखबामे धाख आस्ते-आस्ते खतम होयत, लेखनीमे प्रवाह आयत आ सुच्चा भावक अभिव्यक्ति भय सकत।)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 4 (बद्रीनाथ झा शब्दावली आ मिथिलाक कृषि-मत्स्य शब्दावली)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 5 (वैल्यू एडीशन- प्रथम पत्र- लोरिक गाथामे समाज ओ संस्कृति)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 6 (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- विद्यापति)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 7 (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- पद्य समीक्षा- बानगी)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 8 (वैल्यू एडीशन- प्रथम पत्र- लोक गाथा नृत्य नाटक संगीत)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 9 (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- यात्री)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 10 (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- मैथिली रामायण)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 11 (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- मैथिली उपन्यास)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 12 (वैल्यू एडीशन- प्रथम पत्र- शब्द विचार)- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 13 (तिरहुता लिपिक उद्भव ओ विकास)- गजेन्द्र ठाकुर अनुलग्नक-१-२-३ अनुलग्नक- ४-५ TOPIC 14 (आधुनिक नाटकमे चित्रित निर्धनताक समस्या- शम्भु कुमार सिंह)् TOPIC 15 (स्वातंत्र्योत्तर मैथिली कथामे सामाजिक समरसता- अरुण कुमार सिंह) TOPIC 16 (यू. पी.एस.सी. मैथिली प्रथम पत्रक परीक्षार्थी हेतु उपयोगी संकलन, मैथिलीक प्रमुख उपभाषाक क्षेत्र आ ओकर प्रमुख विशेषता, मैथिली साहित्यक आदिकाल, मैथिली साहित्यक काल-निर्धारण- शम्भु कुमार सिंह) TOPIC 17 (मैथिली आ दोसर पुबरिया भाषाक बीचमे सम्बन्ध (बांग्ला, असमिया आ ओड़िया) [यू.पी.एस.सी. सिलेबस, पत्र-१, भाग-“ए”, क्रम-५])- गजेन्द्र ठाकुर TOPIC 18 [मैथिली आ हिन्दी/ बांग्ला/ भोजपुरी/ मगही/ संथाली- बिहार लोक सेवा आयोग (बी.पी.एस.सी.) केर सिविल सेवा परीक्षाक मैथिली (ऐच्छिक) विषय लेल]- गजेन्द्र ठाकुर ..................................................................................... GENERAL STUDIES (PRELIMINARY & MAINS) GS (Pre) TOPIC 1 - गजेन्द्र ठाकुर GS (Mains) NCERT-ENVIRONMENT CLASS XI-XII NCERT PDF I-XII SANSAD TV http://prasarbharati.gov.in/ http://newsonair.com/ .................................................................................... OTHER OPTIONALS IGNOU eGYANKOSH .................................................................................... संघ लोक सेवा आयोग/ बिहार लोक सेवा आयोगक परीक्षा लेल मैथिली (अनिवार्य आ ऐच्छिक) आ आन ऐच्छिक विषय आ सामान्य ज्ञान (अंग्रेजी माध्यम) हेतु सामिग्री [STUDY MATERIALS FOR UPSC (UNION PUBLIC SERVICE COMMISSION) & BPSC (BIHAR PUBLIC SERVICE COMMISSION) EXAMS- MAITHILI (COMPULSORY & OPTIONAL) AND OTHER OPTIONALS AND GENERAL STUDIES (ENGLISH MEDIUM)] Videha e-Learning पेटार (रिसोर्स सेन्टर) .................................................................................... शब्द-व्याकरण-इतिहास/ मूलपाठ/ समीक्षा/ अतिरिक्त पाठ मैथिली मुहावरा एवम् लोकोक्ति प्रकाश- रमानाथ मिश्र मिहिर (खाँटी प्रवाहयुक्त मैथिली लिखबामे सहायक) डॉ. ललिता झा- मैथिलीक भोजन सम्बन्धी शब्दावली (खाँटी प्रवाहयुक्त मैथिली लिखबामे सहायक) मैथिली शब्द संचय- डॉ श्रीरामदेव झा (खाँटी प्रवाहयुक्त मैथिली लिखबामे सहायक) दत्त-वतीक वस्तु कौशल- डॊ. श्रीरामदेवझा परिचय निचय- डॊ शैलेन्द्र मोहन झा ENGLISH MAITHILI COMPUTER DICTIONARY (COMPLETE)- GAJENDRA THAKUR MAITHILI ENGLISH DICTIONARY- गोविंद झा अणिमा सिंह -Shishu_Geet_Khel_Anima_Singh आनन्द मिश्र (सौजन्य श्री रमानन्द झा "रमण")- मिथिला भाषाक सुबोध व्याकरण मैथिली सुबोध व्याकरण- भोला लाल दास राधाकृष्ण चौधरी- A Survey of Maithili Literature राधाकृष्ण चौधरी- मिथिलाक इतिहास तिरहुता लिपिक उद्भव ओ विकास (यू.पी.एस.सी. सिलेबस) राजेश्वर झा- मिथिलाक्षरक उद्भव ओ विकास (मैथिली साहित्य संस्थान आर्काइव) दत्त-वती (मूल)- श्री सुरेन्द्र झा सुमन (यू.पी.एस.सी. सिलेबस) प्रबन्ध संग्रह- रमानाथ झा (बी.पी.एस.सी. सिलेबस) CIIL SITE सुभाष चन्द्र यादव-राजकमल चौधरी: मोनोग्राफ शिव कुमार झा "टिल्लू" अंशु-समालोचना डॉ बचेश्वर झा- B_JHA_Nibhand_Nikunj.pdf डॉ. देवशंकर नवीन- Adhunik_Sahityak_Paridrishya प्रेमशंकर सिंह- मैथिली भाषा साहित्य:बीसम शताब्दी (आलोचना) डॉ. रमानन्द झा 'रमण' हिआओल अखियासल CIIL SITE दुर्गानन्द मण्डल-चक्षु फेर एहि मनलग्गू फाइल सभकेँ सेहो पढ़ू:- कुमार पवन (साभार अंतिका) पइठ (मैथिलीक सर्वश्रेष्ठ कथा) डायरीक खाली पन्ना याेगेन्द्र पाठक वियाेगी- विज्ञानक बतकही रामलोचन ठाकुर- मैथिली लोककथा डॉ. रमण झा भिन्न-अभिन्न मैथिली काव्यमे अलङ्कार अलङ्कार-भास्कर मैथिली काव्यमे ज्योतिष केदारनाथ चौधरी अबारा नहितन चमेलीरानी माहुर करार अयना हीना .................................................................................... किछु मैथिली पोथी डाउनलोड साइट (ओपन सोर्स) SAHITYA AKADEMI http://sahitya-akademi.gov.in/publications/e-books.jsp http://sahitya-akademi.gov.in/general/Digitalbooks.jsp CIIL http://corpora.ciil.org/maisam.htm अखियासल (रमानन्द झा रमण) http://corpora.ciil.org/pdf/maidhilipdf/MAI1.pdf जुआयल कनकनी- महेन्द्र http://corpora.ciil.org/pdf/maidhilipdf/MAI2.pdf प्रबन्ध संग्रह- रमानाथ झा (बी.पी.एस.सी. सिलेबस) http://corpora.ciil.org/pdf/maidhilipdf/MAI3.pdf सृजन केर दीप पर्व- सं केदार कानन आ अरविन्द ठाकुर http://corpora.ciil.org/pdf/maidhilipdf/MAI4.pdf मैथिली गद्य संग्रह- सं शैलेन्द्र मोहन झा http://corpora.ciil.org/pdf/maidhilipdf/MAI5.pdf ARCHIVE.ORG (विजयदेव झा) https://archive.org/details/%40vijay_deo_jha?&sort=-publicdate&page=2 VIDEHA MAITHILI BOOKS/ PICTURE-AUDIO-VIDEO ARCHIVE http://videha.co.in/new_page_15.htm IGNCA http://ignca.nic.in/coilnet/mithila.htm http://ignca.nic.in/coilnet/kalyani.htm (MAITHILI ENGLISH DICTIONARY) मिथिला दर्शन https://mithiladarshan.com/ (online pdf of Maithili journal) तीरभुक्ति https://archive.org/details/@teerbhukti_journal OLE NEPAL's E-PUSTAKALAYA (https://pustakalaya.org/en/) पोथीक लिंक मैथिली साहित्य संस्थान https://www.maithilisahityasansthan.org/resources (online pdf of Reasearch Papers/ books) अरिपन फाउण्डेशन (http://www.aripanafoundation.org/) PRATHAM BOOKS MAITHILI STORYWEAVER https://www.youtube.com/playlist?list=PLAT74nNc2fmYaW29mRVAIgzRq63_9zWbI (मैथिली ऑडियो बुक्स) पोथी डॉट कॉम https://store.pothi.com/browse/free-ebooks/?language=Maithili I LOVE MITHILA https://www.ilovemithila.com/maithili-books-pdf-free-download/ (पोथी डाउनलोड लिंक) https://www.ilovemithila.com/ (online maithili journal) https://maithili.com.np/ (owner I Love Mithila) प्यारे मैथिल https://www.youtube.com/channel/UCq30Llck2tNw8BI4t8jjzQg (प्यारे मैथिल चैनल- किरण चौधरी आ संगीता आनन्द- मैथिलीक सभसँ लोकप्रिय यू ट्यूब चैनल) जानकी एफ.एम समाचार https://www.youtube.com/user/Janakifm/videos (जानकी एफ.एम समाचार) आकाशवाणी दरभंगा यू ट्यूब चैनल https://www.youtube.com/channel/UCGdNveEFmv4pPolWiTEMxVA ....................................................... JNU http://sanskrit.jnu.ac.in/maithili/index.jsp http://sanskrit.jnu.ac.in/student_projects/lexicon.jsp?lexicon=maithili ......................................................... VIDEHA e-LEARNING YOUTUBE CHANNEL https://www.youtube.com/channel/UC4abVKqMj2pDWIAkXiOHp7A -गजेन्द्र ठाकुर .................................................................................... विदेह-सदेह [विदेह www.videha.co.in पेटार] मैथिलीक सर्वश्रेष्ठ रचनाक एकटा समानान्तर संकलन (विदेह ई-पत्रिकासँ बीछल रचना) विदेह: सदेह: १ (२००८-०९) देवनागरी विदेह: सदेह: १ (२००८-०९) तिरहुता विदेह:सदेह:२ (मैथिली प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना २००९-१०) देवनागरी विदेह:सदेह:२ (मैथिली प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना २००९-१०) तिरहुता विदेह:सदेह:३ (मैथिली पद्य २००९-१०)देवनागरी विदेह:सदेह:३ (मैथिली पद्य २००९-१०) तिरहुता विदेह:सदेह:४ (मैथिली कथा २००९-१०)देवनागरी विदेह:सदेह:४ (मैथिली कथा २००९-१०) तिरहुता विदेह मैथिली विहनि कथा [ विदेह सदेह ५ ]देवनागरी विदेह मैथिली विहनि कथा [ विदेह सदेह ५ ] तिरहुता विदेह मैथिली विहनि कथा [ विदेह सदेह ५ ]- दोसर संस्करण देवनागरी विदेह मैथिली लघुकथा [ विदेह सदेह ६ ]देवनागरी विदेह मैथिली लघुकथा [ विदेह सदेह ६ ] तिरहुता विदेह मैथिली पद्य [ विदेह सदेह ७ ]देवनागरी विदेह मैथिली पद्य [ विदेह सदेह ७ ] तिरहुता विदेह मैथिली नाट्य उत्सव [ विदेह सदेह ८ ]देवनागरी विदेह मैथिली नाट्य उत्सव [ विदेह सदेह ८ ] तिरहुता विदेह मैथिली शिशु उत्सव [ विदेह सदेह ९ ]देवनागरी विदेह मैथिली शिशु उत्सव [ विदेह सदेह ९ ] तिरहुता विदेह मैथिली प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना [ विदेह सदेह १० ]देवनागरी विदेह मैथिली प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना [ विदेह सदेह १० ] तिरहुता विदेह:सदेह ११ विदेह:सदेह १२ विदेह:सदेह १३ विदेह:सदेह १४ विदेह:सदेह १५ विदेह:सदेह १६ विदेह:सदेह १७ विदेहक किछु विशेषांक:- १) हाइकू विशेषांक १२ म अंक, १५ जून २००८ Videha_15_06_2008 Videha_15_06_2008_Tirhuta 12 २) गजल विशेषांक २१ म अंक, १ नवम्बर २००८ Videha_01_11_2008 Videha_01_11_2008_Tirhuta 21 ३) विहनि कथा विशेषांक ६७ म अंक, १ अक्टूबर २०१० videha_01_10_2010 videha_01_10_2010_tirhuta 67 ४) बाल साहित्य विशेषांक ७० म अंक, १५ नवम्बर २०१० videha_15_11_2010 videha_15_11_2010_tirhuta 70 ५) नाटक विशेषांक ७२ म अंक १५ दिसम्बर२०१० videha_15_12_2010 videha_15_12_2010_tirhuta 72 ६) नारी विशेषांक ७७म अंक ०१ मार्च २०११ videha_01_03_2011 videha_01_03_2011_tirhuta 77 ७) अनुवाद विशेषांक (गद्य-पद्य भारती) ९७म अंक videha_01_01_2012videha_01_01_2012_tirhuta 97 ८) बाल गजल विशेषांक विदेहक अंक १११ म अंक, १ अगस्त २०१२ videha_01_08_2012 videha_01_08_2012_tirhuta 111 ९) भक्ति गजल विशेषांक १२६ म अंक, १५ मार्च २०१३ videha_15_03_2013 videha_15_03_2013_tirhuta 126 १०) गजल आलोचना-समालोचना-समीक्षा विशेषांक १४२ म, अंक १५ नवम्बर २०१३ videha_15_11_2013 videha_15_11_2013_tirhuta 142 ११) काशीकांत मिश्र मधुप विशेषांक १६९ म अंक १ जनवरी २०१५ Videha_01_01_2015 १२) अरविन्द ठाकुर विशेषांक १८९ म अंक १ नवम्बर २०१५ Videha_01_11_2015 १३) जगदीश चन्द्र ठाकुर अनिल विशेषांक १९१ म अंक १ दिसम्बर २०१५ Videha_01_12_2015 १४) विदेह सम्मान विशेषंाक विदेह सम्मान: सम्मान-सूची (समानान्तर साहित्य अकादेमी पुरस्कार सहित) साक्षात्कार/ समारोह साक्षात्कार videha_15_12_2011 videha_15_01_2012 videha_01_02_2012 videha_01_03_2012 videha_01_09_2012 videha_15_01_2013 videha_01_03_2013 Videha_15_04_2016 Videha_01_07_2016 १५) मैथिली सी.डी./ अल्बम गीत संगीत विशेषांक- २१७ म अंक ०१ जनवरी २०१७ Videha_01_01_2017 १६) मैथिली वेब पत्रकारिता विशेषांक VIDEHA 313 १७) मैथिली बीहनि कथा विशेषांक-२ VIDEHA 317 १८) रामलोचन ठाकुर विशेषांक VIDEHA 319 १९) रामलोचन ठाकुर श्रद्धांजलि विशेषांक VIDEHA 320 २०) राजनन्दन लाल दास विशेषांक VIDEHA 333 २१) रवीन्द्र नाथ ठाकुर विशेषांक VIDEHA_348 VIDEHA_348_Tirhuta VIDEHA_348_IPA VIDEHA_348_Braille .................................................................................... लेखकक आमंत्रित रचना आ ओइपर आमंत्रित समीक्षकक समीक्षा सीरीज १. कामिनीक पांच टा कविता आ ओइपर मधुकान्त झाक टिप्पणी विदेहक दू सए नौम अंक Videha_01_09_2016 .................................................................................... "पाठक हमर पोथी किए पढ़थि"- लेखक द्वारा अप्पन पोथी/ रचनाक समीक्षा सीरीज १. आशीष अनचिन्हार 'विदेह' क ३२७ म अंक ०१ अगस्त २०२१ .................................................................................... एडिटर्स चोइस सीरीज एडिटर्स चोइस सीरीज-१ विदेहक १२३ म (०१ फरबरी २०१३) अंकमे बलात्कारपर मैथिलीमे पहिल कविता प्रकाशित भेल छल। ई दिसम्बर २०१२ क दिल्लीक निर्भया बलात्कार काण्डक बादक समय छल। ओना ई अनूदित रचना छल, तेलुगुमे पसुपुलेटी गीताक एहि कविताक हिन्दी अनुवाद केने छलीह आर. शांता सुन्दरी आ हिन्दीसँ मैथिली अनुवाद केने छलाह विनीत उत्पल। हमर जानकारीमे एहिसँ बेशी सिहराबैबला कविता कोनो भाषामे नहि रचल गेल अछि। सात सालक बादो ई समस्या ओहने अछि। ई कविता सभकेँ पढ़बाक चाही, खास कऽ सभ बेटीक बापकेँ, सभ बहिनक भाएकेँ आ सभ पत्नीक पतिकेँ। आ विचारबाक चाही जे हम सभ अपना बच्चा सभ लेल केहन समाज बनेने छी। एडिटर्स चोइस सीरीज-१ (डाउनलोड लिंक) एडिटर्स चोइस सीरीज-२ विदेहक ५०-१०० म अंकक बीच ब्रेस्ट कैसरक समस्यापर विदेह मे मीना झा केर एकटा लघु कथा प्रकाशित भेल। ई मैथिलीक पहिल कथा छल जे ब्रेस्ट कैसर पर लिखल गेल। हिन्दीमे सेहो ताधरि एहि विषयपर कथा नहि लिखल गेल छल, कारण एहि कथाक ई-प्रकाशित भेलाक १-२ सालक बाद हिन्दीमे दू गोटेमे घोंघाउज भऽ रहल छल कि पहिल हम आकि हम, मुदा दुनूक तिथि मैथिलीक कथाक परवर्ती छल। बादमे ई विदेह लघु कथामे सेहो संकलित भेल। एडिटर्स चोइस सीरीज-२ (डाउनलोड लिंक) एडिटर्स चोइस सीरीज-३ विदेहक ५०-१०० म अंकक बीच जगदीश चन्द्र ठाकुर अनिलक किछु बाल कविता प्रकाशित भेल। बादमे हुनकर ३ टा बाल कविता विदेह शिशु उत्सवमे संकलित भेल जाहिमे २ टा कविता बेबी चाइल्डपर छल। पढ़ू ई तीनू कविता, बादक दुनू बेबी चाइल्डपर लिखल कविता पढ़बे टा करू से आग्रह। एडिटर्स चोइस सीरीज-३ (डाउनलोड लिंक) एडिटर्स चोइस सीरीज-४ विदेहक ५०-१०० म अंकक बीच जगदानन्द झा मनुक एकटा दीर्घ बाल कथा कहि लिअ बा उपन्यास प्रकाशित भेल, नाम छल चोनहा। बादमे ई रचना विदेह शिशु उत्सवमे संकलित भेल, ई रचना बाल मनोविज्ञानपर आधारित मैथिलीक पहिल रचना छी, मैथिली बाल साहित्य कोना लिखी तकर ट्रेनिंग कोर्समे एहि उपन्यासकेँ राखल जेबाक चाही। कोना मॊडर्न उपन्यास आगाँ बढ़ै छै, स्टेप बाइ स्टेप आ सेहो बाल उपन्यास। पढ़बे टा करू से आग्रह। एडिटर्स चोइस सीरीज-४ (डाउनलोड लिंक) एडिटर्स चोइस सीरीज-५ एडिटर्स चोइस ५ मे मैथिलीक "उसने कहा था" माने कुमार पवनक दीर्घकथा "पइठ" (साभार अंतिका) । हिन्दीक पाठक, जे "उसने कहा था" पढ़ने हेता, केँ बुझल छन्हि जे कोना अहि कथाकेँ रचि चन्द्रधर शर्मा ’गुलेरी’ अमर भऽ गेलाह। हम चर्चा कऽ रहल छी, कुमार पवनक "पइठ" दीर्घकथाक। एकरा पढ़लाक बाद अहाँकेँ एकटा विचित्र, सुखद आ मोन हौल करैबला अनुभव भेटत, जे सेक्सपीरिअन ट्रेजेडी सँ मिलितो लागत आ फराको। मुदा एहि रचनाकेँ पढ़लाक बाद तामस, घृणा सभपर नियंत्रणकेँ आ सामाजिक/ पारिवारिक दायित्वकेँ सेहो अहाँ आर गंभीरतासँ लेबै, से धरि पक्का अछि। मुदा एकर एकटा शर्त अछि जे एकरा समै निकालि कऽ एक्के उखड़ाहामे पढ़ि जाइ। एडिटर्स चोइस सीरीज-५ (डाउनलोड लिंक) एडिटर्स चोइस सीरीज-६ जगदीश प्रसाद मण्डलक लघुकथा "बिसाँढ़": १९४२-४३ क अकालमे बंगालमे १५ लाख लोक मुइला, मुदा अमर्त्य सेन लिखैत छथि जे हुनकर कोनो सर-सम्बन्धी एहि अकालमे नहि मरलन्हि। मिथिलोमे अकाल आएल १९६७ ई. मे आ इन्दिरा गाँधी जखन एहि क्षेत्र अएली तँ हुनका देखाओल गेल जे कोना मुसहर जातिक लोक बिसाँढ़ खा कऽ एहि अकालकेँ जीति लेलन्हि। मैथिलीमे लेखनक एकभगाह स्थिति विदेहक आगमनसँ पहिने छल। मैथिलीक लेखक लोकनि सेहो अमर्त्य सेन जेकाँ ओहि महाविभीषिकासँ प्रभावित नहि छला आ तेँ बिसाँढ़पर कथा नहि लिखि सकला। जगदीश प्रसाद मण्डल एहिपर कथा लिखलन्हि जे प्रकाशित भेल चेतना समितिक पत्रिकामे, मुदा कार्यकारी सम्पादक द्वारा वर्तनी परिवर्तनक कारण ओ मैथिलीमे नहि वरण् अवहट्ठमे लिखल बुझा पड़ल, आ ओतेक प्रभावी नहि भऽ सकल कारण विषय रहै खाँटी आ वर्तनी कृत्रिम। से एकर पुनः ई-प्रकाशन अपन असली रूपमे भेल विदेहमे आ ई संकलित भेल "गामक जिनगी" लघुकथा संग्रहमे। एहि पोथीपर जगदीश प्रसाद मण्डलकेँ टैगोर लिटरेचर अवार्ड भेटलनि। जगदीश प्रसाद मण्डलक लेखनी मैथिली कथाधाराकेँ एकभगाह हेबासँ बचा लेलक, आ मैथिलीक समानान्तर इतिहासमे मैथिली साहित्यकेँ दू कालखण्डमे बाँटि कऽ पढ़ए जाए लागल- जगदीश प्रसाद मण्डलसँ पूर्व आ जगदीश प्रसाद मण्डल आगमनक बाद। तँ प्रस्तुत अछि लघुकथा बिसाँढ़- अपन सुच्चा स्वरूपमे। एडिटर्स चोइस सीरीज-६ (डाउनलोड लिंक) एडिटर्स चोइस सीरीज-७ मैथिलीक पहिल आ एकमात्र दलित आत्मकथा: सन्दीप कुमार साफी। सन्दीप कुमार साफीक दलित आत्मकथा जे अहाँकेँ अपन लघु आकाराक अछैत हिलोड़ि देत आ अहाँक ई स्थिति कऽ देत जे समानान्तर मैथिली साहित्य कतबो पढ़ू अहाँकेँ अछौं नहि होयत। ई आत्मकथा विदेहमे ई-प्रकाशित भेलाक बाद लेखकक पोथी "बैशाखमे दलानपर"मे संकलित भेल आ ई मैथिलीक अखन धरिक एकमात्र दलित आत्मकथा थिक। तँ प्रस्तुत अछि मैथिलीक पहिल दलित आत्मकथा: सन्दीप कुमार साफीक कलमसँ। एडिटर्स चोइस सीरीज-७ (डाउनलोड लिंक) एडिटर्स चोइस सीरीज-८ नेना भुटकाकेँ रातिमे सुनेबा लेल किछु लोककथा (विदेह पेटारसँ)। एडिटर्स चोइस सीरीज-८ (डाउनलोड लिंक) एडिटर्स चोइस सीरीज-९ मैथिली गजलपर परिचर्चा (विदेह पेटारसँ)। एडिटर्स चोइस सीरीज-९ (डाउनलोड लिंक) .................................................................................... Maithili Books can be downloaded from: MAITHILI BOOKS .................................................................................... अपन मंतव्य editorial.staff.videha@gmail.com पर पठाउ। ..................................................................................... गजेन्द्र ठाकुर प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना भाग-१ प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना भाग दू (कुरुक्षेत्रम अन्तर्मनक-२) सहस्रबाढ़नि (उपन्यास) सहस्राब्दीक चौपड़पर (पद्य संग्रह) गल्प-गुच्छ (विहनि आ लघु कथा संग्रह) संकर्षण (नाटक) त्वञ्चाहञ्च आ असञ्जाति मन (दूटा गीत प्रबन्ध) बाल मण्डली/ किशोर जगत (बाल नाटक, लघुकथा, कविता आदि) कुरुक्षेत्रम् अन्तर्मनक देवनागरी वर्सन तिरहुता वर्सन ब्रेल वर्सन सहस्रबाढ़नि_ब्रेल-मैथिली (मैथिलीक पहिल ब्रेल पोथी) सहस्रशीर्षा (उपन्यास) धांगि बाट बनेबाक दाम अगूबार पेने छँ (रुबाइ, कता आ गजल संग्रह) जगदीश प्रसाद मण्डल- एकटा बायोग्राफी सहस्रजित् (पद्य संग्रह) शब्दशास्त्रम् (लघुकथा संग्रह) The_Science_of_Words Learn Mithilakshar Script तिरहुता (मिथिलाक्षर) सीखू Learn Braille through Mithilakshar Script ब्रेल सीखू Learn International Phonetic Script through Mithilakshar Script अन्तर्राष्ट्रीय ध्वन्यात्मक वर्णमाला सीखू मिथिला रत्न/ मिथिला चित्रकला/ मिथिलाक पाबनि तिहार (कथा) आ मिथिलाक संगीत उल्कामुख (नाटक) जलोदीप (बाल-नाटक संग्रह) अक्षरमुष्टिका (बाल-लघुकथा संग्रह) बाङक बङौरा (बाल-पद्य संग्रह) नाराशंसी (गीत-प्रबन्ध) गंगा ब्रिज (नाटक) मचण्ड (नाटक) बाल साहित्य (मूल)- गजेन्द्र ठाकुर भऽ जाएब छू(मैथिलीक २०१२ मे प्रकाशित पहिल क्लाइमेट-फिक्शन प्ले- Maithili's first climate-fiction play originally published in 2012) कमलाक भगता टोस्ट बड़ीटा! कनियेटा! एतऽ हम सभ रहै छी भारतोल्लक राजकुमारी भारतोल्लक राजकुमारी (बिनु शब्दक) वुयो कच-कच कचाक चुन्नू-मुन्नूक नहेनाइ नेना जे बैलूनसँ डेराइत छल अद्भुत फिबोनाची अंक-शृंखला हारू अखन नै, अखन नै! जन्मदिनक उत्सव भोज मोट राजा पातर-दुब्बड़ कुकुड़ बचिया जे अपन हँसी नै रोकि सकैत छलि अंग्रेजी हम सूंघि सकै छी छोट लाल-टुहटुह डोरी करू नीक, भोगू नीक ई सभटा बिलाड़िक दोख अछि! चोभा आम! हमर टोलक बाट जखन इकड़ू स्कूल गेल माछी फेर आउ टाटा! अमाचीक जुलुम मशीन सभ टिंग टोंग पाउ-म्याऊ-वाह कुकुड़क एकटा दिन हमरा नीक लगैए रीताक नव-स्कूलमे पहिल दिन कनी हँसियौ ने! लाल बरसाती भूत-प्रेतक नाट्यशाला आउ पएर गानी कतऽ अछि ई अंक ५? तरहरिमे परीलोक बेसी छुट्टी कम इसकूल बड़द करैए दाउन ने यौ बाल गजल फिनिश लाइन बाल साहित्य (अनुवाद- द्विभाषिक- मैथिली-अंग्रेजी)- गजेन्द्र ठाकुर ....................................................................................... NTA-UGC/ UPSC/ BPSC MAITHILI OPTIONAL- गजेन्द्र ठाकुर [Place of Maithili in Indo-European Language Family/ Origin and development of Maithili language (Sanskrit, Prakrit, Avhatt, Maithili) भारोपीय भाषा परिवार मध्य मैथिलीक स्थान/ मैथिली भाषाक उद्भव ओ विकास (संस्कृत, प्राकृत, अवहट्ट, मैथिली)] (Criticism- Different Literary Forms in Modern Era/ test of critical ability of the candidates) (ज्योतिरीश्वर, विद्यापति आ गोविन्ददास सिलेबसमे छथि आ रसमय कवि चतुर चतुरभुज विद्यापति कालीन कवि छथि। एतय समीक्षा शृंखलाक प्रारम्भ करबासँ पूर्व चारू गोटेक शब्दावली नव शब्दक पर्याय संग देल जा रहल अछि। नव आ पुरान शब्दावलीक ज्ञानसँ ज्योतिरीश्वर, विद्यापति आ गोविन्ददासक प्रश्नोत्तरमे धार आओत, संगहि शब्दकोष बढ़लासँ खाँटी मैथिलीमे प्रश्नोत्तर लिखबामे धाख आस्ते-आस्ते खतम होयत, लेखनीमे प्रवाह आयत आ सुच्चा भावक अभिव्यक्ति भय सकत।) (बद्रीनाथ झा शब्दावली आ मिथिलाक कृषि-मत्स्य शब्दावली) (वैल्यू एडीशन- प्रथम पत्र- लोरिक गाथामे समाज ओ संस्कृति) (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- विद्यापति) (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- पद्य समीक्षा- बानगी) (वैल्यू एडीशन- प्रथम पत्र- लोक गाथा नृत्य नाटक संगीत) (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- यात्री) (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- मैथिली रामायण) (वैल्यू एडीशन- द्वितीय पत्र- मैथिली उपन्यास) (वैल्यू एडीशन- प्रथम पत्र- शब्द विचार) (तिरहुता लिपिक उद्भव ओ विकास) अनुलग्नक-१-२-३ अनुलग्नक- ४-५ (मैथिली आ दोसर पुबरिया भाषाक बीचमे सम्बन्ध (बांग्ला, असमिया आ ओड़िया) [यू.पी.एस.सी. सिलेबस, पत्र-१, भाग-“ए”, क्रम-५]) [मैथिली आ हिन्दी/ बांग्ला/ भोजपुरी/ मगही/ संथाली- बिहार लोक सेवा आयोग (बी.पी.एस.सी.) केर सिविल सेवा परीक्षाक मैथिली (ऐच्छिक) विषय लेल] NTA_UGC_NET_MAITHILI_01- गजेन्द्र ठाकुर NTA_UGC_NET_MAITHILI_02- गजेन्द्र ठाकुर TEST SERIES-1- गजेन्द्र ठाकुर TEST SERIES-2- गजेन्द्र ठाकुर GS (Pre) TOPIC 1 - गजेन्द्र ठाकुर ..................................................................................... गजेन्द्र ठाकुर (सम्पादन) विदेह-सदेह [विदेह www.videha.co.in पेटार] मैथिलीक सर्वश्रेष्ठ रचनाक एकटा समानान्तर संकलन (विदेह ई-पत्रिकासँ बीछल रचना) विदेह: सदेह: १ (२००८-०९) देवनागरी विदेह: सदेह: १ (२००८-०९) तिरहुता विदेह:सदेह:२ (मैथिली प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना २००९-१०) देवनागरी विदेह:सदेह:२ (मैथिली प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना २००९-१०) तिरहुता विदेह:सदेह:३ (मैथिली पद्य २००९-१०)देवनागरी विदेह:सदेह:३ (मैथिली पद्य २००९-१०) तिरहुता विदेह:सदेह:४ (मैथिली कथा २००९-१०)देवनागरी विदेह:सदेह:४ (मैथिली कथा २००९-१०) तिरहुता विदेह मैथिली विहनि कथा [ विदेह सदेह ५ ]देवनागरी विदेह मैथिली विहनि कथा [ विदेह सदेह ५ ] तिरहुता विदेह मैथिली विहनि कथा [ विदेह सदेह ५ ]- दोसर संस्करण देवनागरी विदेह मैथिली लघुकथा [ विदेह सदेह ६ ]देवनागरी विदेह मैथिली लघुकथा [ विदेह सदेह ६ ] तिरहु्ता विदेह मैथिली पद्य [ विदेह सदेह ७ ]देवनागरी विदेह मैथिली पद्य [ विदेह सदेह ७ ] तिरहुता विदेह मैथिली नाट्य उत्सव [ विदेह सदेह ८ ]देवनागरी विदेह मैथिली नाट्य उत्सव [ विदेह सदेह ८ ] तिरहुता विदेह मैथिली शिशु उत्सव [ विदेह सदेह ९ ]देवनागरी विदेह मैथिली शिशु उत्सव [ विदेह सदेह ९ ] तिरहुता विदेह मैथिली प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना [ विदेह सदेह १० ]देवनागरी विदेह मैथिली प्रबन्ध-निबन्ध-समालोचना [ विदेह सदेह १० ] तिरहुता विदेह:सदेह ११ विदेह:सदेह १२ विदेह:सदेह १३ विदेह:सदेह १४ विदेह:सदेह १५ विदेह:सदेह १६ विदेह:सदेह १७ VIDEHA-SADEHA भाषापाक -विदेह मैथिली मानक भाषा आ मैथिली भाषा सम्पादन पाठ्यक्रम विदेह पुरान अंकक आर्काइव “विदेह” ई-पत्रिकाक पुरान अंक: देवनागरी वर्सन/ मिथिलाक्षर वर्सन/ ब्रेल वर्सन (अंक ००१ सँ १४९) VIDEHA 150-250 VIDEHA 251-ONWARDS GOOGLE VIDEHA BOOKS AUDIO ARCHIVE FOLDER MITHILA_PAINTING-MODERN ART-PHOTOS VIDEHA OLD ISSUES FOLDER VIDEHA CLASSICAL SITES FOLDER पंजी (११००० मूल मिथिलाक्षर ताड़पत्र १७ टा पी.डी.एफ. फाइलमे) दूषण पंजी मोदानन्द झा शाखा पंजी मंडार- मरड़े कश्यप-प्राचीन प्राचीन पंजी (लेमीनेट कएल) उतेढ़ पंजी पनिचोभे बीरपुर दरभंगा राज आदेश उतेढ आदि छोटी झा पुस्तक निर्देशिका पत्र पंजी मूलग्राम पंजी मूलग्राम परगना हिसाबे पंजी मूल पंजी-२ मूल पंजी-३ मूल पंजी-४ मूल पंजी-५ मूल पंजी-६ मूल पंजी-७ ..................................................................................... गजेन्द्र ठाकुर आ आशीष अनचिन्हार (सम्पादन) मैथिलीक प्रतिनिधि गजल मैथिली गजल: आगमन ओ प्रस्थान बिंदु (गजलक आलोचना-समालोचना-समीक्षा) ..................................................................................... गजेन्द्र ठाकुर, नागेन्द्र कुमार झा आ पञ्जीकार विद्यानन्द झा (सम्पादन) जीनोम मैपिंग (४५० ए.डी.सँ २००९ ए.डी.)--मिथिलाक पञ्जी प्रबन्ध जीनियोलोजिकल मैपिंग (४५० ए.डी.सँ २००९ ए.डी.)--मिथिलाक पञ्जी प्रबन्ध -भाग-२ MAITHILI-ENGLISH DICTIONARIES Maithili_English_Dictionary_Vol.I MaithiliEnglishDictionary_Vol.II_GajendraThakur ENGLISH-MAITHILI DICTIONARIES VIDEHA ENGLISH MAITHILI DICTIONARY English-Maithili Computer Dictionary ..................................................................................... 20 || http://www.videha.co.in/ ISSN 2229-547X VIDEHA 'विदेह' ३५० म अंक १५ जुलाइ २०२२ (वर्ष १५ मास १७५ अंक ३५०)|| 21
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